महाराजपुर के बालक और कन्या छात्रावास में औचक निरीक्षण के दौरान सामने आईं व्यवस्थागत खामियां; कलेक्टर ने कहा—विद्यार्थियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
महाराजपुर/देवरी त्रिवेंद्र जाट
महाराजपुर में संचालित बालक एवं कन्या छात्रावासों में औचक निरीक्षण के दौरान सामने आई व्यवस्थागत अनियमितताओं को लेकर जिला प्रशासन ने गंभीरता दिखाई है। नायब तहसीलदार के निरीक्षण के बाद तैयार पंचनामा देवरी एसडीएम को सौंपा गया है। अब मामले की जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
दरअसल, मंगलवार को नायब तहसीलदार चंद्रभान दीवान ने महाराजपुर स्थित बालक एवं कन्या छात्रावासों का औचक निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान बालक छात्रावास के अधीक्षक संदीप जैन के रात्रि में छात्रावास में मौजूद नहीं रहने और अपने घर चले जाने की स्थिति सामने आने की बात कही गई। वहीं कन्या छात्रावास में महिला अधीक्षक ममता चौरसिया के साथ उनके पति राजेंद्र चौरसिया के छात्रावास परिसर में रुकने की जानकारी भी निरीक्षण के दौरान सामने आने की बात कही गई है।
रात्रिकालीन निगरानी व्यवस्था पर उठे सवाल
छात्रावासों में रहने वाले छात्र-छात्राओं की सुरक्षा और निगरानी के लिहाज से रात्रिकालीन व्यवस्था को महत्वपूर्ण माना जाता है। ऐसे में निरीक्षण के दौरान सामने आई परिस्थितियों ने छात्रावासों की निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। शासन की छात्रावास व्यवस्था के तहत विद्यार्थियों को आवास, भोजन सहित आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं और संबंधित अधिकारियों की निगरानी की जिम्मेदारी निर्धारित है।
पंचनामा तैयार, एसडीएम को सौंपी रिपोर्ट
निरीक्षण के दौरान सामने आई परिस्थितियों को लेकर नायब तहसीलदार चंद्रभान दीवान ने दोनों छात्रावासों का पंचनामा तैयार किया। बताया गया है कि पंचनामा देवरी एसडीएम को सौंप दिया गया है। अब एसडीएम स्तर से संबंधित अधिकारियों से तथ्यात्मक जानकारी लेकर मामले की रिपोर्ट तैयार की जाएगी।
कलेक्टर ने कहा—जांच में पुष्टि हुई तो होगी कार्रवाई
मामले को लेकर सागर कलेक्टर ने कहा कि छात्र-छात्राओं की सुरक्षा प्रशासन की विशेष जिम्मेदारी है। महाराजपुर के दोनों छात्रावासों में अनियमितताओं की बात सामने आने के बाद मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है। नायब तहसीलदार द्वारा तैयार पंचनामा एसडीएम को सौंपा गया है। जांच में यदि लापरवाही या अनियमितता की पुष्टि होती है तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
अभिभावकों को जांच रिपोर्ट का इंतजार
निरीक्षण की जानकारी सामने आने के बाद छात्रावास में रहने वाले विद्यार्थियों के अभिभावकों में भी चिंता देखी जा रही है। उनका कहना है कि घर से दूर रहने वाले बच्चों की सुरक्षा और निगरानी को लेकर प्रशासन को नियमित रूप से व्यवस्थाओं की समीक्षा करनी चाहिए। अब पूरे मामले में देवरी एसडीएम की जांच रिपोर्ट के बाद स्थिति स्पष्ट होने और जिम्मेदारी तय होने का इंतजार है।


